धर्मेश अवस्थी, इलाहाबाद ऑनलाइन के युग में
ऑफलाइन आवेदन। यह उल्टी चाल उत्तर प्रदेश लोकसेवा आयोग चल रहा है। यह निर्णय भी इसलिए लिया गया है कि युवाओं को नौकरियां देने में देर न हो। दरअसल आयोग ऑफलाइन आवेदन केवल सीधी भर्ती वाली परीक्षाओं के लिए लेगा।

यही नहीं अभ्यर्थी को ऑनलाइन आवेदन भी करना होगा, लेकिन सारे रिकॉर्ड ऑफलाइन भेजने होंगे। आयोग ने यह सिर्फ नियम ही नहीं बनाया है, बल्कि उस पर अमल भी शुरू कर दिया है।

आयोग तय फार्मेट पर अपने वार्षिक कैलेंडर के अनुसार भर्तियां करता है। यहां पीसीएस व लोअर जैसी परीक्षाओं के साथ ही तमाम सीधी भर्तियां भी साल भर चलती रहती हैं। लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग, विद्युत वितरण, राजकीय कालेजों के प्रवक्ता, आश्रम पद्धति स्कूल समेत बड़ी संख्या में ऐसे विभाग हैं जिनमें सीधी भर्ती के तहत नियुक्तियां होती हैं।

इनमें से अधिकांश भर्तियां केवल साक्षात्कार के माध्यम से ही होती हैं। साथ ही जिन भर्तियों में आवेदकों की संख्या अधिक होती है उनमें पहले स्क्रीनिंग परीक्षा कराने के बाद ही साक्षात्कार कराया जाता है। मसलन, राजकीय कालेजों के प्रवक्ता एवं आश्रम पद्धति स्कूल के शिक्षकों के चयन में स्क्रीनिंग परीक्षा होती है।

पहले तो सभी परीक्षाओं के लिए ऑफलाइन ही आवेदन लिए जाते रहे हैं, लेकिन इधर तीन साल से आयोग लगभग हर भर्ती में ऑनलाइन आवेदन ले रहा है।

इसी बीच आयोग ने यह महसूस किया कि सीधी भर्तियों में अमूमन साक्षात्कार के बाद नियुक्ति दी जाती है और ऑनलाइन आवेदन लेने के बाद अभ्यर्थियों से फिर से ऑफलाइन अभिलेख मांगे जाते हैं इस प्रक्रिया में काफी समय लगता है।

साथ ही भर्ती भी तय समय पर पूरी नहीं हो पाती है। इसलिए नए साल से आयोग ने सीधी भर्ती के लिए नियमों में बदलाव किया है। अब अभ्यर्थी से ऑनलाइन आवेदन के साथ ही ऑफलाइन आवेदन भी मांगा गया है, ताकि दावेदार के सारे रिकॉर्ड आयोग को मिल जाए और तय समय में भर्ती की प्रक्रिया पूरी की जा सके। आयोग पीसीएस एवं अन्य परीक्षाओं में भी ऑफलाइन रिकॉर्ड अभ्यर्थियों से मांगता है, लेकिन वह प्रक्रिया प्रारंभिक परीक्षा के बाद शुरू होती है और मुख्य परीक्षा एवं साक्षात्कार आदि होने तक सारा रिकॉर्ड आसानी से मिल जाता है।

उन परीक्षाओं में भरपूर समय रहता है, लेकिन सीधी भर्ती की प्रक्रिया में इतना वक्त नहीं होता। आयोग के सचिव सुरेश कुमार सिंह ने बताया कि ऑफलाइन आवेदन मांगने से आयोग के स्टॉफ को जूझना पड़ रहा है, लेकिन समय पर भर्ती पूरी कराने के लिए यह कदम उठाया गया है। इस पर अमल भी शुरू हो गया है।

Next
नई पोस्ट
Previous
This is the last post.

एक टिप्पणी भेजें

 
Top